प्रह्लाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद मिली जिम्मेदारी

Pralhad Joshi: NEET पेपर लीक विवाद और CJP के 35 दिन के प्रदर्शन के बाद केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के कुछ ही घंटों बाद केंद्र सरकार ने नए प्रभार की घोषणा कर दी। इसका मतलब है कि प्रह्लाद जोशी अभी अपने पहले से संभाल रहे विभागों के साथ शिक्षा मंत्रालय का काम भी देखेंगे। फिलहाल यह जिम्मेदारी अतिरिक्त प्रभार के तौर पर दी गई है। इससे शिक्षा मंत्रालय के कामकाज में कोई रुकावट नहीं आएगी।
राष्ट्रपति भवन से जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया कि प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संविधान के अनुच्छेद 75 के तहत धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा तत्काल प्रभाव से स्वीकार कर लिया है। इसके साथ ही मौजूदा कैबिनेट मंत्री प्रल्हाद जोशी को शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है।
प्रल्हाद जोशी अभी उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण और नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्री हैं। अब उनके पास शिक्षा मंत्रालय की भी जिम्मेदारी होगी, जिसमें स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा और NEET जैसे राष्ट्रीय स्तर के प्रवेश परीक्षाएं शामिल हैं।
कौन हैं प्रल्हाद जोशी
64 वर्षीय प्रल्हाद जोशी कर्नाटक के धारवाड़ से 2004 से लगातार सांसद हैं। 2019 से 2024 तक वे कोयला, खान और संसदीय कार्य मंत्री रहे। 2024 के लोकसभा चुनाव के बाद उन्हें उपभोक्ता मामले और नवीन ऊर्जा मंत्रालय दिया गया था। उन्होंने हबली के केएस आर्ट्स कॉलेज और कर्नाटक यूनिवर्सिटी से बीए की पढ़ाई की है।