CG News : रायपुर में कमिश्नर प्रणाली लागू, संजीव शुक्ला बने पहले पुलिस कमिश्नर
15 आईपीएस अधिकारियों का तबादला, 23 जनवरी से लागू होगी नई व्यवस्था

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य की राजधानी रायपुर में पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू करते हुए वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी डॉ. संजीव शुक्ला (2004 बैच) को शहर का पहला पुलिस कमिश्नर नियुक्त किया है। गृह (पुलिस) विभाग द्वारा 22 जनवरी 2026 को महानदी भवन, नवा रायपुर से जारी आदेश के अनुसार 23 जनवरी से रायपुर में औपचारिक रूप से कमिश्नर प्रणाली लागू हो जाएगी।
डॉ. संजीव शुक्ला वर्तमान में बिलासपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) के पद पर पदस्थ थे। वे सख्त प्रशासन, अपराध नियंत्रण की रणनीति और लक्ष्य आधारित कार्यप्रणाली के लिए जाने जाते हैं।
15 आईपीएस अधिकारियों का तबादला
राज्य सरकार ने व्यापक प्रशासनिक फेरबदल करते हुए कुल 15 वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के पदस्थापन में बदलाव किया है। प्रमुख नियुक्तियां इस प्रकार हैं—
- रामगोपाल (2007) – आईजी दुर्ग रेंज से आईजी बिलासपुर रेंज
- अभिषेक शांडिल्य (2007) – आईजी राजनांदगांव रेंज से आईजी दुर्ग रेंज
- बालाजी राव सोमावार – पुलिस मुख्यालय (कानून व्यवस्था) से आईजी राजनांदगांव रेंज
- अमित तुकाराम काम्बले (2009) – डीआईजी कांकेर से अतिरिक्त पुलिस आयुक्त, रायपुर
- लाल उमेद सिंह (2011) – एसएसपी रायपुर से एसएसपी जशपुर
- शशि मोहन सिंह (2012) – एसएसपी रायगढ़ नियुक्त
रायपुर नगरीय पुलिस में भी नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं—
- उमेश प्रसाद गुप्ता (2020) – पुलिस उपायुक्त (मध्य)
- संदीप पटेल (2020) – पुलिस उपायुक्त (पश्चिम)
- मयंक गुर्जर (2020) – पुलिस उपायुक्त (उत्तर)
- विकास कुमार (2020) – पुलिस उपायुक्त (ट्रैफिक एवं प्रोटोकॉल)
- राजनाला स्मृतिक (2020) – पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर)
- श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा – एसपी रायपुर ग्रामीण
- ईशु अग्रवाल (2022) – सहायक पुलिस आयुक्त, आजाद चौक
यह आदेश राज्यपाल के नाम से जारी किया गया है, जिस पर गृह विभाग के सचिव हिम शिखर गुप्ता ने हस्ताक्षर किए हैं।
21 थानों पर होगा कमिश्नरेट का अधिकार
नई कमिश्नर प्रणाली के तहत रायपुर शहर के 21 थाने कमिश्नरेट क्षेत्र में शामिल होंगे। इसे तीन जोन—मध्य, पूर्व और पश्चिम—में विभाजित किया जाएगा।
पुलिस कमिश्नर को कुल 17 विशेष अधिकार प्रदान किए गए हैं, जिनमें प्रमुख हैं—
- धारा 144 लागू करना
- आर्म्स एक्ट के तहत लाइसेंस स्वीकृति
- कानून-व्यवस्था से जुड़े त्वरित प्रशासनिक निर्णय
इससे राजधानी में कानून व्यवस्था को अधिक प्रभावी और त्वरित बनाने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
ग्रामीण क्षेत्र अलग रहेगा
कमिश्नरेट व्यवस्था केवल रायपुर नगर निगम क्षेत्र तक सीमित रहेगी। ग्रामीण इलाकों—जैसे आरंग, तिल्दा सहित 12 थानों—के लिए अलग से पुलिस अधीक्षक (एसपी) व्यवस्था लागू रहेगी। नवा रायपुर कुछ प्रशासनिक मामलों में कमिश्नरेट दायरे से बाहर रहेगा।
