मुख्य सचिव विकासशील ने योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की, सभी विभागों को ऑनलाइन सेवाएं बढ़ाने के निर्देश
सेवानिवृत्ति प्रकरणों का निपटारा दो वर्ष पहले शुरू करने और योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग पर जोर

रायपुर: मुख्य सचिव विकासशील ने सोमवार को मंत्रालय महानदी भवन में राज्य शासन के सभी विभागों के सचिवों की उच्चस्तरीय बैठक लेकर विभिन्न योजनाओं और कार्यक्रमों के क्रियान्वयन की समीक्षा की। उन्होंने विभागीय सचिवों को योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग करने और सभी सरकारी सेवाओं को चरणबद्ध तरीके से ऑनलाइन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य सचिव ने कहा कि सेवानिवृत्त होने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के पेंशन एवं अन्य प्रकरणों की प्रक्रिया उनकी सेवा समाप्ति से दो वर्ष पहले ही शुरू कर दी जानी चाहिए। इसके लिए सभी विभागों को सेवानिवृत्ति की अद्यतन सूची तैयार रखने के निर्देश दिए गए, ताकि समय पर सभी औपचारिकताएं पूरी की जा सकें।
समीक्षा बैठक में ई-ऑफिस, आधार आधारित उपस्थिति प्रणाली, लोक सेवा गारंटी, सूचना का अधिकार, सुघ्घर छत्तीसगढ़, नियद नेल्लानार योजना, पीएम प्रगति पोर्टल, ई-प्रगति, डी-रेगुलेशन ई-गजट, सेवा सेतु, ग्रामीण विकास विभाग की योजनाएं और पीएम सूर्य घर बिजली योजना सहित विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
मुख्य सचिव ने अधिकारियों से कहा कि आई-गॉट (iGOT) प्लेटफॉर्म के तहत विभागवार प्रशिक्षण कार्यक्रमों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और अधिकारियों-कर्मचारियों को उनकी आवश्यकता के अनुरूप प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने प्रशासनिक कार्यों में तकनीक के अधिकतम उपयोग पर जोर देते हुए सभी विभागों की योजनाओं और सेवाओं को ऑनलाइन करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में विभिन्न विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रमुख सचिव, सचिव और वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। इनमें वन एवं जलवायु परिवर्तन, गृह, आदिम जाति विकास, विधि एवं विधायी, महिला एवं बाल विकास, मुख्यमंत्री सचिवालय, लोक निर्माण, सूचना प्रौद्योगिकी, पर्यटन, ऊर्जा, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, परिवहन, नगरीय प्रशासन, कौशल विकास, राजस्व, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, आर्थिक एवं सांख्यिकी तथा सुशासन एवं अभिसरण विभाग के वरिष्ठ अधिकारी शामिल थे।
