
जांजगीर-चांपा: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में खुद को चमत्कारी बाबा बताकर महिलाओं और ग्रामीणों को झांसे में लेने वाले एक कथित ढोंगी बाबा को पुलिस ने हिमाचल प्रदेश से गिरफ्तार किया है। आरोपी पर इलाज और चमत्कार के नाम पर महिला से दुष्कर्म करने, ब्लैकमेल करने और सोशल मीडिया के जरिए बदनाम करने का गंभीर आरोप है। पुलिस ने आरोपी को धर्मशाला से गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
मामले ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। आरोपी कथित बाबा ग्रामीण इलाकों में घूम-घूमकर लोगों की समस्याएं दूर करने और शरीर के दर्द का “चमत्कारी इलाज” करने का दावा करता था। इसी झांसे में आकर एक महिला उसकी बातों में फंस गई और बाद में उसके साथ अनाचार की घटना हुई।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, पीड़िता ने 11 अप्रैल 2026 को पामगढ़ थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में उसने बताया कि चैत्र नवरात्रि के दौरान आरोपी बाबा क्षेत्र के एक गांव में पदयात्रा करते हुए पहुंचा था। वहां वह लोगों को धार्मिक बातें और चमत्कार दिखाकर प्रभावित कर रहा था।
पीड़िता अपनी सहेली के साथ बाबा से मिलने गई थी। इसी दौरान आरोपी ने महिला का हाथ देखकर कहा कि उसके शरीर में गंभीर समस्या है, जिसे वह विशेष पूजा और इलाज से ठीक कर सकता है। आरोपी ने महिला का मोबाइल नंबर लिया और लगातार संपर्क में रहने लगा।
कुछ दिनों बाद आरोपी ने महिला को पामगढ़ के एक बाजार में बुलाया। वहां उसने उसे प्रसाद दिया और विश्वास में लेकर अपने साथ चलने के लिए तैयार कर लिया। महिला आरोपी के झांसे में आ गई और उसके साथ पहले बिलासपुर और फिर ट्रेन से मध्य प्रदेश के मैहर पहुंची।
पीड़िता का आरोप है कि मैहर के एक होटल में आरोपी ने इलाज और पूजा-पाठ का बहाना बनाकर कई बार उसके साथ जबरदस्ती दुष्कर्म किया। आरोपी लगातार महिला को डराता और बहलाता रहा। बाद में 1 अप्रैल को वह महिला को बिलासपुर छोड़कर फरार हो गया।
घर लौटने के बाद भी आरोपी महिला को फोन कर परेशान करता रहा। जब महिला ने उसका नंबर ब्लॉक कर दिया तो आरोपी ने सोशल मीडिया का सहारा लिया। उसने पीड़िता के नाम से फर्जी इंस्टाग्राम आईडी बनाई और अश्लील तस्वीरें पोस्ट कर वायरल करने की धमकी दी। इससे परेशान होकर महिला ने आखिरकार पुलिस से संपर्क किया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी निवेदिता पाल ने तत्काल विशेष टीम गठित कर आरोपी की तलाश शुरू कराई। तकनीकी जांच और लोकेशन ट्रेस करने पर आरोपी के हिमाचल प्रदेश के धर्मशाला में होने की जानकारी मिली। इसके बाद पामगढ़ पुलिस की टीम वहां पहुंची और दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक सावन सारथी, प्रधान आरक्षक रामलाल मार्कंडेय, आरक्षक सूरज सिंह पाटले और नवनी रात्रे की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी व्यक्ति के चमत्कार, तंत्र-मंत्र या झूठे इलाज के झांसे में न आएं। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत पुलिस को सूचना दें, ताकि इस तरह के अपराधों पर रोक लगाई जा सके।

